बिजली विभाग की लापरवाही की भेंट चढ़े निर्दोष पांच दुधारू भैंस

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 प्रतापपुर:-पूरा मामला गजवा पंचायत नंदई गाँव निवासी मनिजर यादव,पिता रेवा यादव का पांच जानवर की 11000 हजार वोल्ट तार की चपेट में आने से यहां पर फिर पांच पशुओं की मौत हो गई।प्रतापपुर में  ये कोई पहला मामला नही है। बल्कि 3 महीने के अंदर ये अनगिनत घंटनाये हो चुकी है। तीन महीने के अंदर यह सातवी घटना सामने आई और बिजली विभाग अब तक भी चैन की नींद सो रहा है।खास बात-आखिर बिजली विभाग कब जागेगा।

तब तक कोई और बड़ी घटना घटते ही रहेगी या फिर इसपर लगाम भी कसा जाएगा। लेकिन इतनी बड़ी लापरवाही से बिजली विभाग को कोई परवाह नहीं है।जबकि इससे तीन महीना पहले भी कौरा में 6 भैंसो की मृत्यु इसी बिजली की तार के चपेट में आने से हो गई थी तब भी बिजली विभाग नहीं पसीजा था। मौके पर उपस्थित लोगों ने बिरसा वाणी की टीम को अवगत कराया कि यहां पर आए दिन किसी न किसी जानवर की मौत होते आ रही है।कई बार प्रतापपुर पावर हाउस में इसके संबंध में अवगत कराया गया है।लेकिन वहां के अफसरों ने कोई भी ऐक्शन नही लिया।

जिसके चलते आज फिर से हादसा दर हादसा हो गया।जिसमें दो बेजुवान जानवरो की घटना स्थल पर मौत हो गई।इस घटना से नाराज मोहल्ला वासियों ने बिजली विभाग पर घोर लापरवाही का आरोप लगाया। बिजली की तार टूट कर गिर गया जिससे धरती पर बिजली करंट फैल गया। तभी मार्ग से गुजर रहे पांच दुधारू भैंस करंट की चपेट में आ गए। इससे जानवारो की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि अब कुछ दिनों से हो रही बारिश की वजह से बिजली रानी भी  गायब रह रही थी। लेकिन आज बिजली रानी आई भी तो पांच भैसो की जान ले गई। 

बरसात के मौसम में तार गिरने के बाद बिजली तेजी से धरती में फैलती हैं।इससे बड़ी दुघर्टना हो रही है। इस पर मुहल्लावासियों ने बिजली अफसरों पर कार्य में लापरवाही का आरोप लगाते हुए रोष व्यक्त किया। उनका कहना है, कि अगर विद्युत अधिकारी लाइनों का रख रखाव ठीक ढंग से करते तो आज इन पांचों बेजुवानो की मौत न होती।