हत्या के मामले में आजीवन कारावास की सजा
भरतपुर। राजस्थान में भरतपुर की अनुसूचित जाति जनजाति अत्याचार निवारण न्यायालय के पीठासीन अधिकारी गिरिजा भारद्वाज द्वारा हत्या, हत्या का प्रयास व एससी एसटी एक्ट में आरोपी को आजीवन कारावास के साथ जुर्माने से दण्डित किया गया है। मामले में परिवादी की तरफ से बरिष्ठ अधिवक्ता देवेंद्र पाल सिंह एडवोकेट द्वारा पैरवी की गई। गौरतलब है कि वर्ष 2022 में कुम्हा निवासी धनपाल जाटव की हत्या के मामले में पुलिस थाना सेवर में मामला दर्ज कराया गया था। अदालत ने आरोपी मुकेश पुत्र शिवराम उर्फ शिबू जाट निवासी कुम्हा को धारा 302, 307 तथा धारा 3(2)(v) एससी एसटी एक्ट में आजीवन कारावास की सजा के साथ जुर्माने से भी दंडित किया। अधिवक्ता देवेंद्र पाल सिंह ने बताया कि नियम 12(7) एससी एसटी एक्ट के तहत अदालत द्वारा प्रतिकार पीड़ित स्कीम में मजरुबा झेलम व कप्तान को भी प्रतिकार व नियम 12(4) के तहत मृतक की विधवा को मिलने वाली ₹5000 प्रतिमाह पेंशन की भी अनुशंसा जिला कलेक्टर से की गई है।।
👆भरतपुर से हेमंत दुबे की रिपोर्ट👆