आधी अधूरी तैयारियों के बीच आज से नए शिक्षण सत्र की होगी शुरुआत

आधी अधूरी तैयारियों के बीच आज से नए शिक्षण सत्र की होगी शुरुआत

 

 

आज से ब्लाक में नए शिक्षा सत्र की शुरूआत होगी। खैरागढ़ ब्लाक में पिछले कई साल से अतिजर्जर भवनों के बाद भी नए भवनों की स्वीकृति नही मिल पाई है। आज से इन स्कूलों में भी नए शिक्षा सत्र प्रारंभ किया जाएगा। ब्लॉक के स्कूलों में निशुल्क वितरण करने पुस्तकें पहुंच गई है, लेकिन गणवेश नहीं आ पाया है। आधी तैयारी के बीच स्कूलों में प्रवेशोत्सव भी शुरू किया जाएगा।

 

आत्मानंद स्कूल को लेकर स्थिति साफ नहीं

खैरागढ़ ब्लॉक मुख्यालय में अंग्रेजी माध्यम आत्मानंद स्कूल खोलने की प्रशासन की तैयारी फिलहाल घरी की धरी रह गई है। इसके लिए अब तक धरातल पर कोई कार्रवाई शुरू नहीं हो पाई हैं। नए शिक्षा सत्र की आज से शुरुआत होने के बाद भी शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों के कई पालक अपने बच्चों को आत्मानंद स्कूल में प्रवेश के लिए तैयार बैठे है लेकिन आत्मानंद स्कूल को लेकर प्रशासनिक तौर पर कोई सुगबुगाहट अब तक शुरू नहीं हो पाई है। देरी से शुरू होने के चलते इसकी प्रक्रिया समय पर पूरी हो पाएगी इसमें संदेह बढ़ रहा है।अति जर्जर स्कूलों के लिए भी नहीं मिल पाई कोई स्वीकृति ब्लॉक स्तर पर स्कूलों में शिक्षण सत्र की शुरुआत हो रही है। इसके लिए सभी संकुलों, समन्वयकों को तैयारी के निर्देश पहले से दे दिए गए थे। स्कूलों के लिए निःशुल्क पुस्तकों का वितरण किया जा चुका है।

महेश भुआर्य, बीईओ खैरागढ़

शिक्षा विभाग भी ब्लॉक भर के अतिजर्जर स्कूलों की जानकारी जुलकर हर साल केवल उच्च कार्यालय तक भेजने में सिमट गया है। मिली जानकारी मुताबिक ब्लाक में 16 स्कूल भवन पूरी तरहअतिजर्जर हालत में है। जहां खतरोंब्लॉक में 16 स्कूल भवन अतिजर्जर के चलते कक्षाओं का संचालन नही किया जा रहा है। इन स्कूलों के बच्चों को खुले मंचों, आंगनबाड़ी केंद्रों, ग्राम पंचायत भवन सहित अन्य स्कूलों में व्यवस्था बनाकर पढ़ाई कराई जा रही है। अतिजर्जर स्कूलों में 11 पाशा भवन और 5
सतलताल माशा भवन शामिल है। प्राशा भवन घोंघेडवरी, बरगांव नवांगाव भूरसाटोला अतिजर्जर है। इसके लगभग 31 स्कूल भवन है जहां हर पल खतरा बना हुआ है। इसमें 21 प्राशा और 10 माशा स्कूल भवन शामिल है के अतिजर्जर में तेलीटोला सहित गड़ाघाट बोइरडीह, कुसियारी अलावा जर्जर स्कूलों में ब्लाक में पूराना करेला , कटंगीखुर्द अचानकपूर, जगन्नाथपूर कामता, कोठरीछापर घोंघेडवरी शामिल है। माशा भवन

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