लोकेशन सीतापुर
रिपोर्ट रंजीत प्रजापति
स्लग– ग्रामीण चौपाल लगाकर जिलाधिकारी ने सुनी समस्यायें
एंकर– जनपद सीतापुर के जिलाधिकारी अनुज सिंह ने विकास खण्ड
हरगांव की ग्राम पंचायत पचहेरा में ग्रामीण जन चौपाल लगाकर लोगों की समस्याओं को सुना
वी/ओ 1—चौपाल के दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को समस्याओं के निस्तारण हेतु निर्देशित करते हुये आयी समस्याओं को संबंधित अधिकारियों को नोट कराया एवं निर्देश दिये कि दस दिन के अन्दर समस्याओं को निस्तारण सुनिश्चित किया जाये। जल्द ही निर्माण की गयी ग्राम पंचायत की सड़कों की समीक्षा करते हुये जिलाधिकारी ने ग्रामीणों से जानकारी ली कि कितने दिन पूर्व सड़कों का निर्माण किया गया है। ग्रामीणों ने बताया कि चार पांच महीनें पूर्व बनी सड़कें टूट गयी है जिस पर जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियन्ता को निर्देश दिये कि त्वरित टूटी सड़कों का दुरूस्तीकरण कराया जाये
वी/ओ 2—समाज कल्याण अधिकारी का जवाब तलब करते हुये कहा कि बिना जांच किये पेंशन आवेदन पत्रों को खारीज क्यों किया गया। इस पर समाज कल्याण अधिकारी द्वारा ए0डी0ओ0 पंचायत से जिलाधिकारी के समक्ष जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिये। जवाब से असंतुष्ट जिलाधिकारी ने कड़े निर्देश दिये कि पेंशन आवेदन पत्रों का ईमानदारी से जांच कर पात्रों को इसका लाभ दिया जाये। विद्युत आपूर्ति की समीक्षा करते हुये जिलाधिकारी ने एस0डी0ओ0 को निर्देशित किया कि यथा सम्भव विद्युत कटौती पर नियंत्रण लगाया जाये एवं रोस्टरवार गांवों में विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जाये। खराब ट्रांसफार्मर की शिकायत पर एस0डी0ओ0 को ट्रांसफार्मर त्वरित बदलवाये जाने के निर्देश दिये। उन्होंने एस0डी0ओ0 को यह भी निर्देश दिये कि आपके अधीनस्थ अधिकारी अपना फोन हर-हाल में उठाये, यह सुनिश्चित किया जाये जिससे आम लोगों को यह पता चल सके कि विद्युत की आपूर्ति कब रोकी जायेगी और कब आपूर्ति की जायेगी। गांव की गलियों की साफ-सफाई एवं मरम्मत के निर्देश ग्राम प्रधान एवं ग्राम पंचायत अधिकारी को दिये। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि प्राथमिक विद्यालय को जोड़ने वाले मार्ग व्यवस्थित होने चाहिये। इसके साथ ही ग्राम पंचायत अधिकारी एवं ग्राम प्रधान को निर्देश दिये कि प्राथमिक विद्यालय में बच्चों के बैठनें हेतु बेन्चों की व्यवस्था अगले 20 दिनों में सुनिश्चित की जाये। जिलाधिकारी ने क्षतिग्रस्त एवं रिबोर होने योग्य हैण्डपम्पों की समीक्षा की एवं निर्देश दिये कि जल्द ही हैण्डपम्पों को ठीक करा दिया जाये। गांव में एक तालाब में हर-हाल में पानी होना चाहिये एवं दो तालाबों को अमृत सरोवर के रूप में विकसित किये जाने के निर्देश जिलाधिकारी ने दिये।
जिलाधिकारी ने तालाबों पर अवैध कब्जें को हटवाये जाने हेतु उपजिलाधिकारी सदर को पैमाईस कराकर कब्जा मुक्त कराने के निर्देश दिये। प्राथमिक विद्यालयों के समस्त पैरामीटरों को जल्द से जल्द पूर्ण करने के निर्देश संबंधित को दिये। इसके साथ ही लोगों से अपील की कि खुले में शौंच न जायें, खुले में शौंच की परम्परा को तोड़ें, जिनके पास शौचालय उपलब्ध नही हैं वह ग्राम पंचायत में स्थित सामुदायिक शौचालय का प्रयोग करें, जिससे स्वच्छता बनी रहे एवं बीमारियों के प्रकोप से बचा जा सके। शौचालयों का प्रयोग सिर्फ शौचालय के लिये किया जाये, उसमें लकड़ी, कंडे या अन्य सामग्री न रखी जाये। जिलाधिकारी ने ग्राम पंचायत में स्थापित लाइब्रेरी में गुणवत्तायुक्त पुस्तकों को रखवाने के निर्देश ग्राम पंचायत अधिकारी को दिये। इसके साथ ही लाइब्रेरी में प्रत्येक दिन अखबारों को भी रखवाया जाये, जिससे गांव के बच्चों एवं नागरिकों को इसके माध्यम से विभिन्न प्रकार की जानकारियां प्राप्त हो सकें एवं गांव के बच्चों को शिक्षण से संबंधित वह सभी सुविधाएं मिल सकें जिसके लिये वह शहरों के लिये पलायन करते हैं। जिला कार्यक्रम अधिकारी को निर्देशित किया कि आंगनबाड़ी केन्द्रों पर राशन वितरण से संबंधित लिस्ट दिवारों पर वाल पेंटिंग के माध्यम से दर्शायी जायें, जिससे लोगों को पूरी जानकारी मिल सके। इसी तरह आंगनबाड़ी केन्द्रों पर राशन वितरणकर्ता का मोबाइल नम्बर भी पेंटिंग के माध्यम से दर्शाया जाये। लोगों द्वारा विभिन्न प्रकार की शिकायतें मिलने पर जिला पंचायत राज अधिकारी पर नाराजगी व्यक्त करते हुये कड़े निर्देश दिये कि जनपद में रोस्टर के माध्यम से पंचायत स्तर पर बैठक की तिथि का निर्धारण किया जाये, जिसमें लेखपाल, ग्राम पंचायत अधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारी की उपस्थिति अनिवार्य की जाये एवं समस्याओं का पंचायत स्तर पर ही समाधान सुनिश्चित किया जाये।
जिलाधिकारी ने जन चौपाल में उपस्थित सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि विभिन्न विभागों की योजनाओं का संबंधित अधिकारियों द्वारा ईमानदारी से क्रियान्वयन कर पात्रों को लाभ दिया जाये। जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि अधिकांश शिकायतकर्ताओं द्वारा प्रकाश में आया है कि आय प्रमाण-पत्र जारी होने में विलम्ब होता है जिससे योजनाओं का लाभ लेने में उन्हें असुविधा होती है। जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी को निर्देश दिये कि एक सप्ताह के भीतर लेखपालों के माध्यम से आय प्रमाण-पत्र जारी करना सुनिश्चित किया जाये। जिलाधिकारी ने जन चौपाल में आये किसानों को विभिन्न कृषि बीजों का वितरण किया।
इस दौरान उपजिलाधिकारी सदर अनिल कुमार, जिला विकास अधिकारी राकेश कुमार पाण्डेय, बेसिक शिक्षा अधिकारी अजीत कुमार, जिला समाज कल्याण अधिकारी हर्ष मवार, उप निदेशक कृषि अरविन्द मोहन मिश्रा, जिला पूर्ति अधिकारी संजय कुमार प्रसाद सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।उसके बाद जिलाधिकारी अनुज सिंह ने हरगांव सीएचसी का भी निरीक्षण किया तथा मरीजो को समुचित चिकित्सा देने का डॉक्टरों को निर्देश दिये।