मौत को धोखा देने वाले एक नव-जात की कहानी जो आज रूस का राष्टपति है!
R9 Bharat
Chief Crime Beuro
Distt Satna M. P
SUDHIR MISHRA
वी ओ :- सूत्रों द्वारा प्राप्त जानकारी के अनुसार:-
व्लादिमीर पुतिन के जन्म की कहानी “हिलेरी किलिन्टन ” की लिखी बुक “हार्ड चौइसस “(Hard Choices) में कुछ इस तरह लिखी गई है कि लगता है कि, यह इबारत सही है:-
जाको राखे सांईया,
मार सकें न कोए!!
हिलेरी किलिन्टन की जबानी:
व्लादिमीर पुतिन के पिता एक रूसी सैनिक थे, दूसरे विश्व युद्ध के समय वे युद्ध के मैदान से कुछ समय के लिए घर लौटे, रास्ते में उन्होंने कई लाशों को देखा जिनके हाथ- पैर नहीं थे, तभी उन्होंने एक औरत को अपनी पत्नी की चप्पल पहने देखा, वो तुरन्त लाशों के ढेर की तरफ भागे, और बड़ी मिन्नते कर शमशान की गाड़ी से अपनी पत्नी के शरीर को जो कि जिन्दा थी वापस अपने घर ले आए, और पत्नी की स्वयं सेवा और ईलाज कर उसे ठीक कर दिया!
आठ साल बाद, 1952 में उस दम्पति के घर एक पुत्र का जन्म हुआ, जो आज:-
व्लादिमीर पुतिन, हैं!
रूस का राष्टपति, पूर्व के. जी. बी (रूस की खूफिया एजंसी) ऐजंट!