विनोद चड्ढा कुठेड़ा बिलासपुर

बिलासपुर जिले के बामटा जिला परिषद वार्ड के सदस्य एवं हिमाचल प्रदेश किसान कांग्रेस संयोजक कुमार गौरव शर्मा ने प्रदेश सरकार से आग्रह किया कि पंचायती राज कर्मचारियों का जल्द से जल्द पंचायती राज विभाग में विलय किया जाए और उनके लिए भी एक पॉलिसी तैयार की जाए. ताकि हिमाचल प्रदेश में काम कर रहे हजारों कर्मचारियों को इसका फायदा मिल सके। उन्होंने भी कर्मचारियों की मांगों का समर्थन करते हुए कहा कि पहले इनकी नियुक्ति जिस भी आधार पर की गई हो, लेकिन अब उन्हें इंसाफ मिलना चाहिए। प्रदेश सरकार को इन कर्मचारियों की मांगों पर प्राथमिकता से गौर करना चाहिए और कर्मचारियों को उनके हक जल्द से जल्द दिए जाने चाहिए। उन्होंने बताया कि करीब 22 वर्षों से सेवाएं दे रहे यह कर्मचारी अपने ही विभाग में विलय न होने के चलते प्रदर्शन पर उतारू हैं। कर्मचारियों ने यह ऐलान किया है कि जब तक उनकी मांगों को मान नहीं लिया जाता तब तक उन्हें अनिश्चित काल तक हड़ताल पर भी अगर बैठना पड़ेगा तो वह बैठेंगे। कुमार गौरव ने कहा कि इन कर्मचारियों ने अपनी समस्या कई बार मुख्यमंत्री से लेकर अन्य जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के समक्ष भी रखी, लेकिन अभी तक इस मामले पर कोई भी गंभीरता नहीं दिखाई गई। जिसके चलते उन्हें संघर्ष के रास्ते पर उतरना पड़ा है।