भरतपुर 31 अगस्त
लगातार जारी अतिवृष्टि से भरतपुर के कई गांव हुए जलमग्र, घरों को छोड़कर जाने के लिए मजबूर हुए गांव के लोग

भरतपुर. बारिश के बाद भरतपुर के नगला केवल गांव और पीरनगर में जलभराव की वजह से कई मकानों में दरारें आ गई हैं। इसके साथ ही खेत भी पूरी तरह पानी से भर चुके हैं। दोनों गांव में चारों तरफ तरफ पानी ही पानी भरा हुआ है। पूर्व सरपंच तेज सिंह फौजदार ने बताया- तोंगा, जघीना, मडरपुर, बराखूर, नगला लोधा और जिरौली गांव से छोड़ा गया पानी नगला केवल गांव और पीरनगर गांव में आकर इकठ्ठा हो गया है। जो प्रशासन ने सड़क काटकर यह पानी दोनों गांव में छोड़ा है। गांव में पानी छोड़ने के लिए ग्रामीणों ने प्रशासन से काफी मना किया लेकिन प्रशासन ने ग्रामीणों की नहीं सुनी। जिसका खामियाजा अब दोनों गांव को भुगतना पड़ रहा है। दोनों गांव में चारों तरफ पानी ही पानी भरा है। लोग घरों से बाहर नहीं निकल पा रहे। बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे। मरीजों को कंधे पर अस्पताल पहुंचाना पड़ रहा है। घरों में दरारें आ गई हैं। दोनों गांव के किसानों की हजारों बीघा फसल जलमग्न हो गई है। दोनों गांव में करीब 15 दिन से पानी जमा होने के कारण 50 से अधिक मकानों में दरारें आ गई हैं। जहरीले जीव घरों में आ रहे हैं। अब ग्रामीण अपने घरों को छोड़कर जाने के लिए मजबूर हैं। राशन लेने के लिए लोगों को पानी में डूबकर निकलना पड़ रहा है। रात को घरों में सोते हैं तो, उन्हें इस बात का डर लगता है कि सुबह होगी या नहीं क्योंकि मकान बैठक लेते जा रहे हैं।।
भरतपुर से हेमंत दुबे