शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ मोहर्रम का पर्व.
या अली या हुसैन के नारों से गूंजा पांडू प्रखंड क्षेत्र.
पांडू प्रखंड में शनिवार के दिन मुहर्रम का पर्वत शांति और सौहार्द के साथ मनाया गया. इमाम हुसैन के शहादत दिवस के रूप में यह पर्व मनाया गया. इस अवसर पर ताजिया अखाड़ा एवं झंडा के साथ-साथ भव्य जुलूस भी निकाला गया. विभिन्न अखाड़ा कमेटी की ओर से निकाले गए ताजिया जुलूस में एक से बढ़कर एक तरकीब को दिखाया. लाठी तलवार के साथ-साथ अन्य कई प्रकार के खेल दिखाकर लोगों का दिल जीत लिया. मुसीखाप, कुसहा, मुरुमातु, झरीवा, कजरुकला, आजाद नगर, हिसरा, के साथ-साथ अन्य गांव के लोगों ने कजरू कला मुख्य बाजार में इकट्ठा होकर एक दूसरे से मिले एवं करतब को दिखाया. कजरुकला के बाद मुसीखाप के लोंगो ने जुलुस के शक्ल में धुरिया नदी किनारे कर्बला के पास पहुंचे जहां या अली या हुसैन के नारों के साथ अली एंव हुसैन के सहादत की याद को ताजा किया. ईस दौरान मुसीखाप निवासी डॉ इब्राहिम अंसारी द्वारा बनवाया गया ताजिया प्रखंड क्षेत्र के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा है.ईस मुहर्रम पर्व पर पांडू पुलिस की तैनाती चारों तरफ देखी गई. वही प्रखंड कार्यालय से प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी रंजन कुमार मुहर्रम के अंतिम समय तक मौके पर डटे रहे.