उपायुक्त सिमडेगा सुशांत गौरव ने जिला आपूर्ति विभाग की समीक्षा बैठक की। उन्होने धान अधिप्राप्ति योजना, धोती साड़ी वितरण योजना, झारखण्ड राज्य खाद्य सुरक्षा योजना, पीभीटीजी डाकिया योजना, आधार सिडिंग सहित विभाग अन्तर्गत कार्यों की समीक्षा की।

140

 रिपोर्ट : बसंत कुमार कश्यप

लोकेशन : सिमडेगा / झारखंड

एंकर : उपायुक्त सिमडेगा सुशांत गौरव ने जिला आपूर्ति विभाग की समीक्षा बैठक की। उन्होने धान अधिप्राप्ति योजना, धोती साड़ी वितरण योजना, झारखण्ड राज्य खाद्य सुरक्षा योजना, पीभीटीजी डाकिया योजना, आधार सिडिंग सहित विभाग अन्तर्गत कार्यों की समीक्षा की। 

वित्तीय वर्ष 2021-22 में प्रस्तावित 17 लैम्पसों के साथ पंचायतों का टैगिंग करने का निर्देश दिया। साथ हीं विभागीय संकल्प के कंडिका अनुसार जिला कृषि पदाधिकारी, बीडीओ, सीओ, लैम्पस के अध्यक्ष, सचिव के माध्यम से नये किसानों का निबंधन 15 नवम्बर तक आवेदन प्राप्त करते हुए 15 दिसम्बर तक जांच करते हुए विधिवत् अनुमोदित करने का निर्देश दिया। पूर्व में निबंधित किसान 1154 के अलावे नये किसानों का निबंधन हेतु प्रचार-प्रसार करने की बात कही, ताकि अधिक से अधिक किसानों को लाभान्वित किया जा सके। 

लैम्पसों में बिजली, दरवाजा, बेंच-डेस्क एवं बेसिक मूलभुत सुविधा के कार्यों को 15वें वित्त आयोग की राशि एवं लैम्पस के द्वारा संचालित बैंक खाता के माध्यम से 20 नवम्बर तक कार्य पूर्ण करने का निर्देश दिया। वैसे लैम्पस जो मरम्मति योग्य हो, से संबंधित प्राक्कलन तैयार कर बीडीओ के माध्यम से जिला कृषि पदाधिकारी को प्रेषित करने का निर्देश दिया। उन्होने राईस मिल का निरीक्षण कर प्रतिवेदन समर्पित करने का निर्देश दिया। 

मुख्यमंत्री धोती साड़ी वितरण योजना के तहत् एक लाख अरसठ हजार छः सौ पच्चीस लाभुकों के बीच वस्त्र का वितरण किया गया है। शेष धोती-साड़ी को झारखण्ड राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम के माध्यम से पंचायतवार शत-प्रतिशत वितरण कराने का निर्देश दिया। 

जिले के 285 आदिम जन-जाति परिवारों के बीच 35 किलोग्राम तथा प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के अन्तर्गत प्रति सदस्य 5 किलोग्राम खाद्यान्न का पैकेट तैयार कर प्रखण्ड आपूर्ति पदाधिकारी के द्वारा प्रत्येक माह उनके निवास स्थल तक पहुंचकर निःशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है। वैसे आदिम जन-जाति परिवार जो पीभीटीजी डाकिया योजना से आच्छादित नहीं है, उन्हे जांचोपरांत आच्छादित करते हुए योजना से लाभान्वित करने का निर्देश दिया। 

आधार सीडिंग की समीक्षा के क्रम में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के अन्तर्गत आच्छादित सदस्यों का शतप्रतिशत आधार सीडिंग कराने का निर्देश दिया ताकि बायोमैट्रिक प्रणाली के माध्यम से लाभुकों को खाद्यान्न एवं अन्य सामग्री प्राप्त करने में समस्या न हो, साथ हीं वैसे लाभुकों को जिनका राशन कार्ड में गलत आधार सीडिंग है, उन्हे अविलम्ब सुधार करने का निर्देश दिया। इसके अलावे उन्होने अन्य महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दियें। बैठक में जिला आपूति पदाधिकारी व अन्य पदाधिकारी उपस्थित थें।