एनसीसी डे के उपलक्ष्य पर उपायुक्त सिमडेगा श्री सुशांत गौरव ने सिमडेगा कॉलेज सिमडेगा में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया।

175

एनसीसी डे के उपलक्ष्य पर उपायुक्त सिमडेगा श्री सुशांत गौरव ने सिमडेगा कॉलेज सिमडेगा में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। उपायुक्त सिमडेगा श्री सुशांत गौरव ने कर्मनिष्ट, मेहनत और अनुशासन के मूल मंत्रों से एनसीसी कैडेट एवं छात्रों को गुर दिया, कहा कि यह आपको सफलता तक पहुंचाता है, यह एक दिन का नहीं हर एक दिन का होना चाहिए। उन्होने कहा कि विद्यालय का सफर खुशनुमा सा होता है, अभिभावकगण आपको प्रेरित एवं प्रोत्साहित करते है, पर कॉलेज के बाद आपके अभिभावकगण यह आशा कर रहे होते है कि आप कहीं नौकरी करें, मेहनत करें, उस समय आपको एक अलग दौर से गुजरना होगा, उस कठिन परिस्थिति में आपने जो एनसीसी में रहकर सीखा है, वो आपको मदद करता है। अगर अपने भविष्य को संवारे में किसी प्रकार की चुक होने से बाद में आप उस लाभ से दूर हो जाते है और परेशानी को महसूस करते है। एनसीसी के बच्चे अन्य के मुकाबले सिचुएशन को ज्यादा बेहतर तरीके से प्रस्तुत कर सकते है, वो सारे गुरू आपको एनसीसी में रहकर सिखाया जाता है। उन्होने कहा कि हर दिन, हर समय जिन्दगी चुनौती से भरा हुआ है, आपका अलग-अलग तरीके से टेस्ट लेता है, और अगर आप उन चीजो पर खरा नहीं उतरते हुए समय बे समय उस मुकाम पर नहीं पहुंच पाते है, जो मुकाम आपका इंतिजार कर रहा होता है। हर समय का सही इस्तेमाल करें। कर्तव्यनिष्ठ बने मेहनत करेें, उतना बेहतर आप अपने लिए, अपने परिवार एवं समाज के बेहतरी के लिए कर सकेंगे।
उन्होने कहा कि सिमडेगा कॉलेज सिमडेगा से पढ़कर सुविधाओं का लाभ लेकर बच्चों ने अपना भविष्य बनाया, उन्होने कहा सिमडेगा कॉलेज आप बच्चों से भी चाहता है, आप कॉलेज का इसी प्रकार नाम रोशन करें और अपना बेहतर भविष्य बनायें। कॉजेल में मल्टीपर्पस हॉल, लाईटिंग की सुविधा, भूमि समतलीकरण, कैन्टीन की सुविधा, पार्किंग की सुविधा, गार्ड की सुविधा, जर्जर भवनों को ध्वस्त करने, चारदिवारी का निर्माण, पेयजल की सुविधा जैसे मामले पूर्व के भ्रमण के दौरान पाया गया था, इस दिशा में प्रस्ताव की अनुमति मिल चुकी है, शीघ्र हीं कार्य शुरू किया जायेगा। उन्होने कहा कि ये सारी सुविधा कॉलेज के बच्चों के लिए की जा रही है, ताकि वे इसका लाभ उठा सके, अच्छे तरीके से। बच्चे सेफ फिल करें, फोकस तरीके से अपनी पढ़ाई को कर सके। कॉलेज में शांति एवं बेहतर शिक्षा का महौल रहे।उन्होने कहा कि कॉलेज एक शरीर है, वह चाहता है, उसका हर हिस्सा आच्छा हो। बच्चे सोशल मीडिया फेसबुक, इंस्टाग्राम में समय व्यतित करेंगे, कहीं बैठक कर वाद-विवाद न करके, केरियर के बारे में न सोंच के और गलत दिशा में समय व्यतीत करेंगे तो आपको जिन्दगी के बहुत कठिन सच्चाई से वाकिफ बहुत जल्दी आपको होना पड़ेगा। हसी-मजाक और व्यर्थ में समय गवाने से जिन्दगी आपकी बहुत कठिन परीक्षा लेगा, मै नहीं चाहता हूं कि यह बहुमूल्य समय ऐसे हीं जाने दें, जो काम आप कर रहें है, उसपर तनमन धन से लगे रहे, डिट्रेक्शन से दूर रहें। अपनी रचनात्मकता एवं सकारात्मक जितना बढ़ा सकते है बढ़ायें, देखियेगा बहुत हीं आसानी से आपको सफलता मिलेगी। उन्होने कॉलेज के छात्रों से कहा कि बुजूर्गो की तरह विहेब न करें, फिट रहें, शरीर में लेजीनेश न रहें। आपलोग यंग है, युवा है आपलोगों पर भविष्य का दामोदार है। इसके अलावे उन्होने अन्य महत्वपूर्ण बातें बच्चों को प्रोत्साहित करते हुए उनके उज्वल भविष्य के लिए कहा। उपायुक्त ने कॉलेज परिसर का निरीक्षण कर किये जाने वाले कार्यों के बारे में अनुमण्डल पदाधिकारी को आवश्यक दिशा-निर्देश दियें। अतिथियों को बुके देकर स्वागत किया गया। छात्राओं ने स्वागत गान एवं नृत्य की प्रस्तुती की। अनुमण्डल पदाधिकारी श्री महेन्द्र कुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी श्री कमलेश कुमार सिंह, कॉलेज के प्रार्चाय, शिक्षकगण, नेहरू युवा केन्द्र, एनसीसी एवं कॉलेज के छात्र उपस्थित थें।